Tuesday, 21 April 2015

330 रुपए के प्रीमियम पर खाताधारकों को मिलेगा जीवन बीमा

सार्वजनिक क्षेत्र के यूनियन बैंक ऑफ इंडिया अपने खाताधारकों को जीवन बीमा और दुर्घटना बीमा कवर उपलब्ध कराएगा। 
 
बैंक ने प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना के तहत जीवन बीमा उपलब्ध कराने के लिए स्टार यूनियन दाईची लाइफ इंश्योरेंस और प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के अंतर्गत दुर्घटना बीमा उपलब्ध कराने के लिए न्यू इंडिया इंश्योरेंस के साथ करार किया है। 
 
जीवन ज्योति बीमा योजना के तहत बैंक 18-55 वर्ष की उम्र के बचत खाताधारकों को दो लाख रुपए का जीवन बीमा कवर सालाना 330 रुपए के प्रीमियम पर उपलब्ध कराएगा। इसी तरह से सुरक्षा बीमा योजना के अंतर्गत दो लाख रुपए का दुर्घटना और विकलांगता बीमा कवर 18-70 साल तक के ग्राहकों को 12 रुपए सालाना के प्रीमियम पर मिलेगा। यूनियन बैंक के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक अरुण तिवारी ने कहा कि बीमा वित्तीय समावेशन का अगला चरण है।

ये हैं भारत की सबसे ज्यादा माइलेज देने वाली कारें

अगर आप कार खरीदने के बारे में सोच रहे हैं तो यह ख्याल भी आपके मन में होगा कि कौन सी कार लू जो अच्छा माइलेज दे ताकि कार खरीदने के बाद उसको चलाने का खर्च कम आए। आज ऐसी ही पांच कारों पर एक नजर डालते हैं जो ARAI माइलेज में सबसे ज्यादा माइलेज देती है :-

Chevrolet Beat
शेर्व्‍ले बीट भारत की पांचवी सबसे ज्यादा माइलेज देने वाली कार में से है। इसमें 1.0-litre XSDE SMARTECH इंजन लगा है जो 56.31bhp, 142.5Nm के साथ 25.4  किलोमीटर प्रति लीटर का माइलेज देता है। असल ड्राइविंग मामले में माइलेज की बात करें तो बीट 20 किमी की माइलेज शहर और 25 किमी का माइलेज हाईवे पर देती है।

Honda Amaze
इस लिस्ट में चौथे नंबर पर हौंडा की कार का नाम शामिल है, जिसका नाम है अमेज। हौंडा अमेज में 1.5 लीटर का i-DTEC डीजल इंजन लगा है। अमेज 25.8 किमी प्रति लीटर का माइलेज देती है।

Honda City
पैट्रोल कार के लिए जानी जाने वाली हौंडा सिटी तीसरे नंबर पर है। हौंडा सिटी भारत में 1998 से बिक रही है और अब इस कार का डीजल इंजन भी उपलब्ध है। सिटी में 1498cc का 4 सिलेंडर डबल ओवरहेड कैमशाफ्ट 16-वाल्व डीजल मोटर इंजन 99bhp का पावर और 200Nm का टाॅर्क पैदा करने के साथ 26 किमी प्रति लीटर का माइलेज देता है।

Maruti Suzuki Ciaz
इस लिस्ट में मारूति की Ciaz दूसरे नंबर पर है जिसने SX4 की जगह ली है। यह सेडान कार पैट्रोल और डीजल दोनों ईंधन वैरिएंट में उपलब्ध है। माइलेज की जहां तक बात आती है तो 1.4 लीटर वाला के-सीरीज पैट्रोल इंजन 20.73 किलोमीटर प्रति लीटर और 1.3 लीटर वाला मल्टीजेट डीजल इंजन 89bhp की पावर और 200Nm टाॅर्क पैदा करने के साथ 26.3 किमी प्रति लीटर का माइलेज देता है।

Maruti Suzuki Swift DZire
पहले स्थान पर मारुती सुजुकी की सबसे लोकप्रिय कार स्विफ्ट का डिज़ायर माॅडल है। जिसमें 1.3 लीटर का डीजल इंजन लगा है। यह इंजन 74bhp और 190Nm का टाॅर्क पैदा करता है। इसी के साथ ही 26.59 किलोमीटर प्रति लीटर के साथ यह कार भारत की सबसे फ्यूल-एफिशिएंट कार है।

कैंसर और लकवे से लड़कर पंजाबी गबरू ने जीता दुनिया का दिल

हिम्मत हो, हौसला हो तो दुनिया की वह कौन सी चीज है, जिस पर जीत हासिल नहीं की जा सकती। इसी मूल मंत्र को लेकर जिंदगी बिताई है इस गबरू ने। कभी लकवे के कारण हिलने से मौथाज हुए इस गबरू को भारतीय अर्नोल्ड के नाम से जाना जाता है। 
 
भारतीय बॉडीबिल्डर आनंद का शरीर कैंसर के लकवे का शिकार हो गया था। उसके बाद भी अर्नोल्ड यानि आनंद ने हार नहीं मानी। बल्कि कैंसर और लकवे को पीछे छोड़ इस गबरू ने 3 बार मिस्टर इंडिया का खिताब जीतकर साबित कर दिया कि ज़िंदगी तुम्हारे हर इम्तिहान के लिए हमारी तैयारी पूरी है। 
 
आनंद की उम्र 15 साल थी जब उसे कैंसर हो गया था। कैंसर ने उसके शरीर को बेजान कर दिया लेकिन हमेशा से बॉडीबिल्डर बनने का सपना देखने वाले आनंद ने उम्मीद नहीं छोड़ी। कैंसर के इलाज के लिए किए आपरेशन के बाद वह 3 सालों तक खाट के साथ लगा रहा। यह वह समय था, जब बाकी सभी साथ छोड़ गए और आनंद का परिवार उस की ढाल बन कर खड़ा था। 
 
परिवार की मदद से आनंद ने दोबारा बॉडीबिल्डिंग में कदम रखने का मन बनाया और अपनी बीमारी पर जीत हासिल की। आनंद अब तक 3 बार मिस्टर इंडिया का ख़िताब जीत चुका है और 12 बार मिस्टर पंजाब रह चुका है। उसके  करियर पर नज़र मारें तो उसके नाम पर 27 खिताब हैं लेकिन यदि उसके जीवन पर नजर मारें जिससे सफलता उनके नाम है, वह गिने-चुने लोगों के ही नसीब में होती है।

अगर आपके पास 1 जून 2005 से पहले के नोट हैं

अगर आपके पास 1 जून 2005 से पहले के नोट हैं, तो आप उन्हें बदल लें। क्योंकि देश का सबसे बड़ा बैंक भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) जल्द ही 10 रुपए के सिक्के लॉंच करने जा रहा है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार भारत सरकार दस रुपए के सिक्कों की ढलाई कर चुकी है और रिजर्व बैंक इन्हें जल्द ही जारी करने वाला है। एैसे में जानकारी मिली है कि बैंक वर्ष 2005 जून से पहले छपे नोटों को परिचालन से बाहर कर देगा। ऐसे में जून से पहले ही जेब में पड़े पुराने नोट बदल लें। 
 
कहां बदले नोट
पुराने नोटों को बदलने के लिए आप आप बैंक शाखाओं और आरबीआई के काउंटरों में जाकर बदल सकते हैं। बैंकों की सभी शाखाओं में 2005 के पहले के नोटों को बदलने की प्रक्रिया जारी है। बैंक अधिकारियों के अनुसार ऐसे नोटों के लिए लोगों को अपना अकाउंट नंबर और आइडेंटिटी प्रूफ देना होगा। यदि किसी का अकाउंट नहीं है तो इसके लिए उसे अपना एड्रेस प्रूफ देना होगा।
 
अंतिम तिथि 1 जून
रिजर्व बैंक ने 22 जनवरी 2014 को कहा था कि वह एक अप्रैल से इस तरह के सभी नोट परिचालन से हटाएगा। लेकिन बाद में इसकी तिथि बढ़ाकर 1 जनवरी 2015 की गई और फिर इसमें बदलाव करके 1 जून की तारीख तय कर दी गई। ऐसे में आपकी जेब में पड़े 100, 500, 1000 आदि के नोट एक बार फिर देख लें, कहीं ये वर्ष 2005 से पहले के तो नहीं। अगर ऐसा है तो अब यह किसी काम के नहीं रहेंगे।
 

अरब सागर से पकड़ी गई संदिग्ध बोट पाकिस्तानी नौसेना के संपर्क में थी

गत सोमवार को अरब सागर से पकड़ी गई संदिग्ध बोट पाकिस्तानी नौसेना के संपर्क में थी। एक न्यूज चैनल के मुताबिक, जब कोस्ट गार्ड के जहाज ने इस नाव को घेरा तो बोट पर मौजूद तस्करों ने सैटेलाइट फोन से पाकिस्तानी नेवी से मदद मांगी थी। गौरतलब है कि इस बोट से 232 किलो हेरोइन बरामद किया गया।

यह बोट कराची से मुंबई के लिए चली थी लेकिन मंजिल पर पहुंचने से पहले ही कोस्ट गार्ड और भारतीय नौसेना ने इसे धर दबोचा। बोट से 8 पाकिस्तानी तस्करों को गिरफ्तार किया गया है।

बताया जा रहा है कि फंसने के बाद संदिग्ध बोट ने पाकिस्तानी नौसेना के जहाज से मदद मांगी और पाकिस्तानी जहाज मदद के लिए आया भी लेकिन भारतीय नौसेना और कोस्ट गार्ड के जहाजों को देखकर वापस चला गया। दरअसल हजारों करोड़ के इस नशे के सामान का कनेक्शन मुंबई के अंडरवर्ल्ड से है। नशे के इस सामान का मुंबई में बड़ा बाजार है।

खुफिया और जांच एजेंसियों ने मामले में ड्रग्स और आतंक के कनेक्शन की भी जांच शुरू कर दी है। गौरतलब है कि बीते 31 दिसंबर को अरब सागर में भारत-पाक समुद्री सीमा के पास विस्फोटकों से भरी एक संदिग्ध बोट में धमाका हुआ था. खुफिया एजेंसियों के मुताबिक, यह 26 /11 जैसा आतंकी हमला दोहराने की पाकिस्तानी सेना की साजिश थी।

10 साल पहले आपका मनपसंद फोन कौन सा था

आज हर रोज कोई न कोई बेहतरीन स्मार्टफोन देखने को मिल रहा है। परंतु यदि आप किसी से ये पूछें कि 10 साल पहले आपका मनपसंद फोन कौन सा था तो शायद इसका जवाब उसके पास न हो क्योंकि तब ऐसे बहुत से फोन थे जो आज भी लोगों की पसंद होंगे और जुबान पर होंगे। ऐसे ही कुछ बेहद लोकप्रिय फोन है जो तब बड़े पसंद किए जाते थे :-

1. Nokia 1100
ये अभी तक नोकिया के सबसे कामयाब फोंस में एक हैं जिसकी करीब 150 मिलियन यूनिट बिंकी है।

2. Nokia N73
ये फोन अपनी बेहतरीन आवाज के कारण बड़ा फेमस रहा है। इसमें ड्यूल स्पीकर दिए गए थे। ये फोन नोकिया की एन सीरीज का हिस्सा था।  

3. Sony Ericsson K750
तब के सबसे बेहतरीन फोंस की गिनती में सोनी एरिक्‍सन का ये फोन आता था। इसमें इसमें 2 मेगापिक्‍सल का कैमरा लगा हुआ था, जो तब के बड़े बड़े स्मार्टफोंस 

4. Motorola Razr V3
रेजर वी3 एक ऐसा फोन था जो प्रोफेशनलों की पहली पसंद था। इन्‍हीं में से एक हैं मोटो रेजर जो 2004 में लांच किया गया है। यह फोन अपने स्मार्ट और स्‍लीक डिजाइन के कारण हाथ की शौभा बड़ाता था।

5. BlackBerry 7100
2005 ब्‍लैकबेरी में ने 7100 में एडवांस बीबी ओएस दिया था। जिससे ईमेल की सुविधा थी और आज बिजनेस क्लास लोगों की पहली पसंद ब्लैकबेरी ही है।

6. Nokia 6600
इसके अलावा नोकिया के 6600 का तो क्या कहना। नोकिया के कई लोकप्रिय स्मार्टफोंस में एक नाम 6600 का भी है और इसके लोकप्रिय होने का एक कारण इस फोन का कैमरा भी रहा।

7. Sony Ericsson P900
इसके अलावा सोनी का P900 भी काफी लोगों द्वारा पसंद किया जाता था। सोनी का ये स्मार्टफोन टच स्क्रीन के साथ आता ता और इस्तेमाल के लिए साथ में पेन भी होता था जैसा कि सैमसंग की नोट सीरीज में होता है।

Monday, 20 April 2015

वर्ष २०१४ में रेलवे ने अपने विभिन्न कार्य क्षेत्रों में निम्नलिखित गौरवपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैंः-



१.  प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने रेल मंत्री सुरेश प्रभाकर प्रभु के साथ २५ दिसंबर, २०१४ को वाराणसी में उत्पादन इकाई डीजल रेल-इंजन कारखाना (डीरेका) के विस्तारीकरण परियोजना का उद्घाटन किया। यह योजना धार्मिक शहर वाराणसी में श्मेक इन इंडिया्य अभियान का आगाज है।
२. रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने २४ दिसंबर को नई दिल्ली में राष्ट्रीय रेल संग्रहालय में ट्वाय ट्रेन और संगीत फव्वारे का उदड्ढ्घाटन किया, जिनमें दर्शकों को लुभाने के लिए कुछ नये आकर्षण जोड़े हैं। ट्वाय ट्रेन बहुत ही छोटी पटरियों पर चलती है और आधा किलोमीटर तक की दूरी तय करती है। यह देश में पहली अनूठी ट्रेन है। संगीत फव्वारे के चारों तरफ नया रास्ता बनाया गया है, जिससे घुमक्कड़ों को यह नजारा हमेशा याद रहे।
३. रेल मंत्री ने नई दिल्ली और बठिंडा के बीच नई शताब्दी एक्सप्रैस गाड़ी को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर १८ दिसंबर, २०१४ को हरी झंडी दिखाई। यह गाड़ी पंजाब के अन्दर और आस-पास विकसित हो रहे शहरों के बीच कनेक्टिीविटी बढ़ाएगी और बेहद उपयोगी साबित होगी।
४. रेल मंत्री ने ८ दिसंबर, २०१४ को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर वाई-फाई ब्रॉडबैंड सेवाओं का शुभारंभ किया। ये सेवाएं रेल मंत्रालय के सार्वजनिक क्षेत्र उपक्रम श्रेलटेल कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लि0्य के रिटेल ब्रॉडबैंड वितरण मॉडल श्रेल वायर्य के जरिये चलाई जा रही है। इससे यात्रियों को हाई स्पीड इंटरनैट वाई-फाई की सुविधा शुरू में ३० मिनट के लिए फ्री मिलेगी।
५. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने २१ नवंबर, २०१४ को मेघालय के मेंदीपाथर को असम के गुवाहाटी से नए रेल मार्ग द्वारा जोडने वाली इस नई रेलवे लाइन की पहली रेल को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इससे एक पूर्वोत्तर राज्य मेघालय रेल नैटवर्क के जरिये जुड़ गया है।
६. प्रधानमंत्री ने २९ नवंबर, २०१४ को मिजोरम में भैरवी से सैरांग तक एक नए रेलमार्ग की आधारशिला रखी। इससे मिजोरम की राजधानी आइजोल रेलमार्ग से जुड़ जाएगी। इस नए रेलमार्ग से पूर्वोत्तर क्षेत्र में रेलवे जुड़ाव के विकास को और गति मिलेगी।
७. श्ज्ञानोदय एक्सप्रैस्य नामक एक शैक्षिक गाड़ी १८ नवंबर, २०१४ को दिल्ली से रवाना की गई, जिसमें दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्रों को पूर्वोत्तर राज्यों की सैर कराई गई। प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी ने मोबाइल कनेक्टिीविटी बढ़ाने के लिए ५००० करोड़ रुपये पूर्वोत्तर राज्यों को देने की भी घोषणा की।
८. देश रेल पर्यटन को बढ़ावा देने और तीर्थयात्रियों को किफायती पर्यटन पैकेज उपलब्ध कराने के लिए भारतीय रेल ने पहले चरण में निम्नलिखित में से छह तीर्थ यात्री पर्यटक रेलगाड़ी पैकेज की २५ अक्तूबर, २०१४ को शुरुआत कीरू- देवी सर्किट, ज्योतिर्लिंग सर्किट, जैन सर्किट, ईसाई सर्किट, मुस्लिम-सूफी सर्किट, सिख सर्किट, बौद्ध सर्किट, मंदिर सर्किट आदि।
९. रेलवे ट्रैक के ५९१ किमी. लंबे मार्ग के विद्युतीकरण का काम शुरू किया जा चुका है, जिसमें ८४ किमी. लंबी खुर्जा-मेरठ रेल लाइन भी शमिल है।
१०. भारतीय रेल ने इंटरनैट मीडिया के साथ अपने ३ सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म-फेसबुक, ट्वीटर और यू-टूब की शुरुआत की। इसका लिंक नतस/तंपसउपदपदकपं है। सोशल मीडिया के लिए पहली बार रेल बजट में व्यवस्था की गई है।
११. रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने श्इंडियन रेलवेज-मोर माइल्स, मोर स्माइल्स्य नामक पुस्तक का विमोचन किया, जिसे भारतीय रेलवे के पूर्व अधिकारी जे.एल. सिंह ने लिखा है और रेलवे ने प्रकाशित किया है। साथ ही, रेलमंत्री ने एक वृत्त चित्र ‘भारतीय सिनेमा में भारतीय रेलवे की छाप’ का उद्घाटन किया, जिसमें रेलवे और सिनेमा के १०० सालों से चले आ रहे आपसी संबंधों को दर्शाया गया है।’