१. प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने रेल मंत्री सुरेश प्रभाकर प्रभु के साथ २५ दिसंबर, २०१४ को वाराणसी में उत्पादन इकाई डीजल रेल-इंजन कारखाना (डीरेका) के विस्तारीकरण परियोजना का उद्घाटन किया। यह योजना धार्मिक शहर वाराणसी में श्मेक इन इंडिया्य अभियान का आगाज है।
२. रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने २४ दिसंबर को नई दिल्ली में राष्ट्रीय रेल संग्रहालय में ट्वाय ट्रेन और संगीत फव्वारे का उदड्ढ्घाटन किया, जिनमें दर्शकों को लुभाने के लिए कुछ नये आकर्षण जोड़े हैं। ट्वाय ट्रेन बहुत ही छोटी पटरियों पर चलती है और आधा किलोमीटर तक की दूरी तय करती है। यह देश में पहली अनूठी ट्रेन है। संगीत फव्वारे के चारों तरफ नया रास्ता बनाया गया है, जिससे घुमक्कड़ों को यह नजारा हमेशा याद रहे।
३. रेल मंत्री ने नई दिल्ली और बठिंडा के बीच नई शताब्दी एक्सप्रैस गाड़ी को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर १८ दिसंबर, २०१४ को हरी झंडी दिखाई। यह गाड़ी पंजाब के अन्दर और आस-पास विकसित हो रहे शहरों के बीच कनेक्टिीविटी बढ़ाएगी और बेहद उपयोगी साबित होगी।
४. रेल मंत्री ने ८ दिसंबर, २०१४ को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर वाई-फाई ब्रॉडबैंड सेवाओं का शुभारंभ किया। ये सेवाएं रेल मंत्रालय के सार्वजनिक क्षेत्र उपक्रम श्रेलटेल कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लि0्य के रिटेल ब्रॉडबैंड वितरण मॉडल श्रेल वायर्य के जरिये चलाई जा रही है। इससे यात्रियों को हाई स्पीड इंटरनैट वाई-फाई की सुविधा शुरू में ३० मिनट के लिए फ्री मिलेगी।
५. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने २१ नवंबर, २०१४ को मेघालय के मेंदीपाथर को असम के गुवाहाटी से नए रेल मार्ग द्वारा जोडने वाली इस नई रेलवे लाइन की पहली रेल को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इससे एक पूर्वोत्तर राज्य मेघालय रेल नैटवर्क के जरिये जुड़ गया है।
६. प्रधानमंत्री ने २९ नवंबर, २०१४ को मिजोरम में भैरवी से सैरांग तक एक नए रेलमार्ग की आधारशिला रखी। इससे मिजोरम की राजधानी आइजोल रेलमार्ग से जुड़ जाएगी। इस नए रेलमार्ग से पूर्वोत्तर क्षेत्र में रेलवे जुड़ाव के विकास को और गति मिलेगी।
७. श्ज्ञानोदय एक्सप्रैस्य नामक एक शैक्षिक गाड़ी १८ नवंबर, २०१४ को दिल्ली से रवाना की गई, जिसमें दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्रों को पूर्वोत्तर राज्यों की सैर कराई गई। प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी ने मोबाइल कनेक्टिीविटी बढ़ाने के लिए ५००० करोड़ रुपये पूर्वोत्तर राज्यों को देने की भी घोषणा की।
८. देश रेल पर्यटन को बढ़ावा देने और तीर्थयात्रियों को किफायती पर्यटन पैकेज उपलब्ध कराने के लिए भारतीय रेल ने पहले चरण में निम्नलिखित में से छह तीर्थ यात्री पर्यटक रेलगाड़ी पैकेज की २५ अक्तूबर, २०१४ को शुरुआत कीरू- देवी सर्किट, ज्योतिर्लिंग सर्किट, जैन सर्किट, ईसाई सर्किट, मुस्लिम-सूफी सर्किट, सिख सर्किट, बौद्ध सर्किट, मंदिर सर्किट आदि।
९. रेलवे ट्रैक के ५९१ किमी. लंबे मार्ग के विद्युतीकरण का काम शुरू किया जा चुका है, जिसमें ८४ किमी. लंबी खुर्जा-मेरठ रेल लाइन भी शमिल है।
१०. भारतीय रेल ने इंटरनैट मीडिया के साथ अपने ३ सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म-फेसबुक, ट्वीटर और यू-टूब की शुरुआत की। इसका लिंक नतस/तंपसउपदपदकपं है। सोशल मीडिया के लिए पहली बार रेल बजट में व्यवस्था की गई है।
११. रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने श्इंडियन रेलवेज-मोर माइल्स, मोर स्माइल्स्य नामक पुस्तक का विमोचन किया, जिसे भारतीय रेलवे के पूर्व अधिकारी जे.एल. सिंह ने लिखा है और रेलवे ने प्रकाशित किया है। साथ ही, रेलमंत्री ने एक वृत्त चित्र ‘भारतीय सिनेमा में भारतीय रेलवे की छाप’ का उद्घाटन किया, जिसमें रेलवे और सिनेमा के १०० सालों से चले आ रहे आपसी संबंधों को दर्शाया गया है।’